सीवान : केंद्रीय विद्यालय की शिक्षिका ने छड़ी से पिटाई कर छात्र का तोड़ा हाथ, पीड़ित छात्र के पिता ने डीएम से लगाई गुहार
सीवान || जिले के केंद्रीय विद्यालय में एक शिक्षिका द्वारा छात्र की बेरहमी से पिटाई कर हाथ तोड़ने का सनसनी खेज मामला सामने आया है. वहीं घटना के बाद पीड़ित छात्र के पिता ने विद्यालय के प्राचार्य के साथ-साथ सीवान जिलाधिकारी विवेक रंजन मैत्रेय से लिखित शिकायत कर दोषी शिक्षिका के विरुद्ध कार्रवाई करने की गुहार लगाई है.

पीड़ित छात्र मुफस्सिल थाना क्षेत्र के कनिष्क बिहार कॉलोनी निवासी पत्रकार निरंजन कुमार का पुत्र नितेश कुमार है, जो केंद्रीय विद्यालय के कक्षा आठवीं का छात्र है. पीड़ित छात्र नितेश कुमार ने बताया कि शुक्रवार को विद्यालय की शिक्षिका इरा मैम ने एक सवाल का जवाब नहीं देने पर अमरूद के पेड़ के डंडे से बनी छड़ी से उसके ऊपर ताबड़तोड़ वार करना शुरू कर दिया, जिससे वह रोने लगा. उसकी रुलाई के बाद शिक्षिका ने उसके ऊपर छड़ी बरसाना बंद किया. विद्यालय में कक्षा भर वह असहनीय दर्द और पीड़ा से कराहता रहा. छुट्टी में घर आने पर उसने अपनी मां को हाथ दिखाते हुए सारी बात बताई.

वहीं शिक्षिका की पिटाई से नितेश का बायां हाथ काफी सूज गया था. जिसे देखने के बाद उन्होंने अपने पति निरंजन कुमार को फोन कर सारी बातें बताई. बकौल, निरंजन कुमार जब उनकी पत्नी ने फोन कर बेटे के साथ विद्यालय में घटी घटना की जानकारी दी तो वे उस समय न्यूज कवरेज के लिए शहर में थे. घटना की जानकारी मिलते हीं वे सारा काम छोड़ घर गए, जहां बेटे को घायलवस्था में देख उसे तुरंत सदर अस्पताल ले गए. जहां चिकित्सकों के परामर्श पर उसके बाएं हाथ का एक्स-रे कराया गया. एक्स-रे में बाएं हाथ की हड्डी में हेयर क्रैक होने की बात सामने आई, जिसके बाद सदर अस्पताल में उसके हाथ पर प्लास्टर चढ़ाया गया. अपने बेटे के साथ विद्यालय में घटी इस अमानवीय और निर्ममता पूर्ण घटना के बारे निरंजन कुमार ने केंद्रीय विद्यालय के प्राचार्य को फोन पर जानकारी दी तो प्राचार्य ने लिखित रूप से शिकायत करने की बात कही.

जिसके बाद शनिवार को निरंजन कुमार ने केंद्रीय विद्यालय के प्राचार्य के साथ-साथ सीवान जिलाधिकारी को सदर अस्पताल की पर्ची, एक्स-रे रिपोर्ट, बेटे के हाथ पर लगे प्लास्टर की फोटो को संलग्न करते हुए लिखित शिकायत देकर दोषी शिक्षिका पर कार्रवाई करने की मांग की है. जिसके बाद डीएम ने मामले की जांच के आदेश दिए है. वहीं मामले को जिला बाल संरक्षण इकाई ने भी काफी गंभीरता से लिया है. (ब्यूरो रिपोर्ट).